Korba

तीन दिनों से चर्चा का विषय बने मामले में कोरबा के निजी हॉस्पिटल में नाबालिग का प्रसव इस पर दर्ज हुआ FIR, आगे जांच जारी।

कोरबा (ट्रैक सिटी)/ शहर में तीन दिनों से चर्चा का विषय बने डीके हॉस्पिटल में नाबालिग लड़की की डिलीवरी के मामले में जांच बढ़ी तो एक व्यक्ति पर अपराध पंजीबद्ध कर लिया गया है। प्रकरण में जांच जारी है।

जानकारी के मुताबिक टीपी नगर क्षेत्र में संचालित डीके हॉस्पिटल में एक नाबालिग लड़की का प्रसव कराया गया। यहां की चिकित्सक को लड़की के नाबालिग होने का जब पता चला तो उन्होंने पुलिस को सूचना दी और इसके बाद मामला जांच के दायरे में आया। 10 सितंबर की रात 11-12 बजे के मध्य दो-तीन महिलाएं एक युवती को गम्भीर हालत में लेकर डीके हॉस्पिटल पहुंचीं। रात का वक्त था और इमरजेंसी भी थी, महिला चिकित्सक ने स्थिति को देखते हुए और युवती का सिजेरियन ऑपरेशन किया और उसने एक स्वस्थ लड़की को जन्म दिया। ऑपरेशन के दौरान चिकित्सक को इस बात का आभास हुआ की लड़की की उम्र अभी 18 साल नहीं हुई है और कम है। संदेह पर जब युवती के साथ आए कथित परिजन से युवती का आधार कार्ड मांगा गया तो नहीं होने की बात कही गई। मामला सन्देहास्पद होने पर इस संबंध में सीएसईबी पुलिस सहायता केंद्र में सूचना दी गई और मामले से अवगत कराया गया। पुलिस ने प्रकरण से अपने शीर्ष अधिकारियों को अवगत कराते हुए जांच को आगे बढ़ाया। अस्पताल सीएसईबी पुलिस सहायता केंद्र (थाना सिविल लाइन) और घटनास्थल सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र का एरिया आने के कारण सीएसईबी पुलिस ने शून्य पर मामला दर्ज कर नंबरी के लिए सिटी कोतवाली भेजा। प्रारंभिक पड़ताल और बयानों के आधार पर अंतत: कोतवाली पुलिस ने अशोक नामक व्यक्ति के विरुद्ध बालकों का लैंगिक अपराध से संरक्षण पोक्सो अधिनियम और बलात्कार के जुर्म में अपराध पंजीबद्ध कर लिया है।

अपने ही रिश्तेदार की शिकार हुई पीड़िता

सूत्रों ने बताया कि उक्त पीड़िता किसी और की नहीं बल्कि अपने ही रिश्तेदार का शिकार हुई है। पीड़िता के पिता का देहांत हो चुका है और उसकी मां है जो मूल ग्राम बिहार प्रांत में रहती है। पीड़िता को लगभग 7-8 साल की उम्र से देखरेख व पालन पोषण के लिए अपने साथ लेकर आरोपी अपनी पत्नी संग रह रहा है। पिछले करीब 4 साल से उसकी दूसरी पत्नी से भी कोई संतान नहीं होने के कारण संतान की चाह में नीयत खराब हो गई और रिश्तो को ताक पर रखते हुए भावनाओं में बहका कर पीड़िता के साथ संबंध बनाया जिससे वह गर्भवती हो गई।

पीड़िता की सही उम्र जानने कराया जाएगा बोनमेरो टेस्ट

बताया गया कि पीड़िता की उम्र को लेकर कोई वैधानिक दस्तावेज नहीं मिल सका है। उसका आधार कार्ड मांगे जाने पर परिजन द्वारा ना तो अस्पताल में दिखाया जा सका और न ही पुलिस को दिया जा सका है। ऐसे में पीड़िता की उम्र वास्तव में कितनी है, इसकी पुष्टि करने के लिए बोन मैरो टेस्ट कराया जाएगा। साथ ही जिस बच्ची को उसने जन्म दिया है उसका पिता कौन है, इसकी पड़ताल के लिए डीएनए टेस्ट भी कराए जाने की बात कही जा रही है। इस मामले की तह तक जाकर जांच की दिशा में काम हो रहा है।

हालांकि, प्रकरण को लेकर तरह-तरह की बातें सामने आ रही हैं और प्रारंभिक पड़ताल में पुलिस को भी गुमराह करने की कोशिश लड़की के साथ रहने वालों के द्वारा किया जाता रहा किंतु पुलिस ने पसीना बहा कर आखिरकार सच बाहर निकाल ही लिया और एक आरोपी पर अपराध दर्ज कर लिया गया है। प्रकरण में जांच के आधार पर और भी आरोपी बनाए जा सकते हैं। फिलहाल, पुलिस की तथ्यात्मक जांच ने तरह-तरह की चली आ रही आशंकाओं, कुशंकाओं और चर्चाओं पर विराम लगाया है। कोतवाली थाना प्रभारी ने अशोक के विरुद्ध अपराध दर्ज किए जाने की जानकारी देते हुए कहा कि मामले में जांच जारी है और जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी।

Editor in chief | Website |  + posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button