बलरामपुर(ट्रैक सिटी)। छत्तीसगढ़-उत्तर प्रदेश सीमा पर बलरामपुर पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 10 करोड़ रुपये मूल्य का गांजा जब्त किया है। थाना बसंतपुर पुलिस और जिले की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) की संयुक्त कार्रवाई में एक 16 चक्का ट्रक से 1941.110 किलोग्राम अवैध गांजा बरामद किया गया। पुलिस ने मौके से दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनमें एक आरोपी पहले भी बड़े गांजा तस्करी मामले में नामजद रहा है।
शुक्रवार तड़के लगभग 3 बजे उत्तर प्रदेश-छत्तीसगढ़ सीमा पर चल रही विशेष जांच और निगरानी के दौरान पुलिस ने एक संदिग्ध 16 चक्का टाटा ट्रक को रोककर उसकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान ट्रक में छिपाकर रखे गए कुल 62 पैकेट बरामद हुए। प्रत्येक पैकेट का वजन लगभग 30 किलोग्राम था। कुल मिलाकर 1941 किलो 110 ग्राम गांजा बरामद किया गया, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत लगभग 10 करोड़ रुपये आंकी गई है।
पुलिस ने गांजे के साथ तस्करी में प्रयुक्त टाटा ट्रक क्रमांक RJ 14 GU 9078, जिसकी कीमत लगभग 50 लाख रुपये बताई गई है, को भी जब्त कर लिया है। इस तरह कुल जब्त मशरूका की कीमत लगभग 10.50 करोड़ रुपये पहुंच गई है।
पुलिस के अनुसार यह कार्रवाई पुलिस महानिरीक्षक सरगुजा रेंज दीपक कुमार झा और बलरामपुर पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर के निर्देशन में की गई। जिले में मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए लगातार पेट्रोलिंग, चेकिंग और एमसीपी (मोटर चेक पोस्ट) अभियान चलाया जा रहा है। इसी दौरान थाना बसंतपुर प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र सोनी को तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर सूचना मिली कि गांजा तस्करी से जुड़ा एक मुख्य आरोपी क्षेत्र में सक्रिय है और बड़ी खेप की आवाजाही हो सकती है।
सूचना के आधार पर पुलिस ने घेराबंदी कर संदिग्ध ट्रक को रोका। पूछताछ में वाहन में सवार व्यक्तियों ने अपनी पहचान लोकेश शर्मा (46 वर्ष) निवासी सहारनपुर, उत्तर प्रदेश तथा आमिष अंसारी (23 वर्ष) निवासी मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश के रूप में बताई। इसके बाद वाहन की तलाशी लेने पर भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ।
जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी लोकेश शर्मा पहले भी गांजा तस्करी के एक बड़े मामले में मुख्य आरोपी रह चुका है। 29 दिसंबर 2025 को थाना बसंतपुर पुलिस ने एक ट्रक से 1198.460 किलोग्राम गांजा बरामद किया था। उस मामले में भी लोकेश शर्मा का नाम सामने आया था। पुलिस के अनुसार बरामद ट्रक उसके नाम पर पंजीकृत था और वर्तमान मामले में जब्त वाहन भी उसी के नाम पर दर्ज है।
पुलिस का दावा है कि लोकेश शर्मा उड़ीसा से छत्तीसगढ़ होते हुए उत्तर प्रदेश तक फैले अंतरराज्यीय गांजा तस्करी नेटवर्क का मुख्य संचालक है। वह लंबे समय से पुलिस को चकमा देकर तस्करी के नेटवर्क का संचालन कर रहा था। लगातार निगरानी और एंड-टू-एंड जांच के बाद पुलिस को उसे गिरफ्तार करने में सफलता मिली।
मामले में थाना बसंतपुर में अपराध क्रमांक 93/2026 के तहत धारा 20 (बी) एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए जांच आगे बढ़ा रही है। गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेजने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक यह कार्रवाई बलरामपुर जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई है और इससे अंतरराज्यीय नशा तस्करी गिरोह को बड़ा झटका लगा है।
