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आध्यात्मिक सत्संग में हजारों श्रद्धालुओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया,देहदान संकल्प अभियान के तहत 37 श्रद्धालुओं ने मृत्यु के पश्चात देहदान करने की प्रतिज्ञा ली।

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कोरबा (ट्रैक सिटी)/ पथर्रीपारा स्थित सामुदायिक भवन में संत रामपाल जी महाराज के सानिध्य में भव्य आध्यात्मिक सत्संग का आयोजन किया गया। इस अवसर पर क्षेत्रभर से हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे और उन्होंने कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लिया।

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सत्संग में संत रामपाल जी महाराज के अनुयायियों द्वारा शास्त्रों के आधार पर सतज्ञान का प्रचार किया गया। उन्होंने उपस्थित श्रद्धालुओं को समझाया कि सच्ची भक्ति जीवन का सर्वोच्च उद्देश्य है, जो मनुष्य को सांसारिक दुखों से मुक्ति दिलाकर आत्मिक शांति प्रदान करती है।

कार्यक्रम के दौरान समाजसेवा की ओर भी विशेष ध्यान दिया गया। देहदान संकल्प अभियान के तहत 37 श्रद्धालुओं ने मृत्यु के पश्चात अपने शरीर को “शरीर रचना विज्ञान विभाग (एनाटॉमी विभाग), स्वर्गीय बिसाहू दास महंत स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, कोरबा” को दान करने की प्रतिज्ञा ली। आयोजकों ने बताया कि यह पहल न केवल समाज में जागरूकता फैलाने का माध्यम है, बल्कि चिकित्सा शिक्षा और अनुसंधान में भी महत्वपूर्ण योगदान साबित होगी।

संत रामपाल जी महाराज सदैव समाज सुधार, नशामुक्ति, समानता, शिक्षा और मानवता के उत्थान के लिए जन-जागरण अभियान चला रहे हैं। उनके अनुयायी पूरे देश में सत्संग और सामाजिक सेवा के माध्यम से शांति, प्रेम और भाईचारे का संदेश फैलाते हैं।

आयोजकों ने बताया कि यह सत्संग केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि समाज निर्माण और मानवता की सेवा का आंदोलन है। इसका उद्देश्य जनमानस में आध्यात्मिक चेतना जगाना, अंधविश्वासों को समाप्त करना और सच्चे भक्ति मार्ग की ओर प्रेरित करना है।

कार्यक्रम के अंत में सभी श्रद्धालुओं ने प्रतिज्ञा की कि वे जीवनभर मानवता, सत्य और सच्चे ज्ञान के मार्ग पर चलकर समाज के कल्याण में योगदान देंगे।

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