कोरबा

बर्खास्तगी का विरोध : कोरबा जिले के NHM कर्मचारियों ने दिया सामूहिक इस्तीफा

WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.04 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.05 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.08 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.05 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.04 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.05
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.07 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.06
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.06 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.07
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.07 (1)

कोरबा (ट्रैक सिटी) राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के 25 अधिकारी-कर्मचारियों की बर्खास्तगी के आदेश से नाराज़ होकर, कोरबा जिले के एनएचएम कर्मचारियों ने भी आज सामूहिक रूप से इस्तीफा दे दिया है। पिछले 18 दिनों से अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे कर्मचारियों ने सरकार के इस फैसले के खिलाफ अपना विरोध जताया है।

WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.04
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.08 (1)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.07 (2)
WhatsApp Image 2026-08-14 at 23.39.07

विरोध प्रदर्शन और इस्तीफा
एनएचएम के कर्मचारी अपनी 10 सूत्रीय मांगों को लेकर हड़ताल कर रहे हैं, जिनमें नियमितीकरण, ग्रेड-पे, स्थानांतरण नीति का निर्धारण, मेडिकल अवकाश में कैशलेस सुविधा, अनुकंपा नियुक्ति, पब्लिक हेल्थ कैडर का निर्माण, और पेंशन शामिल हैं। इस बीच, सरकार ने एनएचएम कर्मचारियों को काम पर लौटने का आदेश दिया था, लेकिन जब उन्होंने ऐसा नहीं किया, तो 25 अधिकारियों और कर्मचारियों को सेवा से बर्खास्त कर दिया गया।

सरकार के इस कठोर कदम के विरोध में, जिले के सभी एनएचएम कर्मचारी एकजुट हो गए। उन्होंने सीएमएचओ (मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी) कार्यालय पहुंचकर जमकर नारेबाजी की और सामूहिक इस्तीफा सौंप दिया। कर्मचारियों ने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों को पूरा नहीं करती और बर्खास्त किए गए साथियों को वापस नहीं लेती, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार की दमनकारी नीति के कारण अब यह आंदोलन और भी उग्र होगा।

इस सामूहिक इस्तीफे के बाद, कोरबा जिले में स्वास्थ्य सेवाओं पर गहरा असर पड़ने की संभावना है। एनएचएम के कर्मचारी अपनी मांगों पर अडिग हैं, जबकि सरकार भी सख्त रुख अपनाए हुए है। अब देखना यह है कि दोनों पक्ष इस गतिरोध को कैसे हल करते हैं।

Editor in chief | Website |  + posts

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button