अंबिकापुर

कलेक्टर अजीत वसंत ने स्वास्थ्य विभाग की ली समीक्षा बैठक।

विभाग द्वारा संचालित योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा कर दिए आवश्यक निर्देश

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शेष आयुष्मान कार्ड को समय पर पूर्ण करने निर्देशित किया

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पहुंचविहीन सुदूर क्षेत्रों में लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करना हमारी प्राथमिकता, पीवीटीजी बसाहटों में विशेष मॉनिटरिंग करें- कलेक्टर वसंत

अम्बिकापुर (ट्रैक सिटी)/ कलेक्टर अजीत वसंत ने शनिवार को जिला कलेक्टरेट सभाकक्ष में स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा बैठक लेकर जिले में संचालित विभागीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों की प्रगति की समीक्षा कर आवश्यक दिशा- निर्देश दिए। बैठक में जिले में स्वास्थ्य केंद्रों, चिकित्सकों, चिकित्सकीय उपकरणों की उपलब्धता, स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विनय अग्रवाल, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ पी. एस. मार्को सहित राष्ट्रीय कार्यक्रमों के नोडल अधिकारी, बीएमओ, डीपीएम, बीपीएम तथा सर्वसम्बन्धित उपस्थित रहे।

बैठक में कलेक्टर ने विकासखण्डवार समीक्षा की तथा कहा कि विकासखण्ड में लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाओं की पहुंच सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी बीएमओ की है, इसलिए गम्भीरता से दायित्वों का निर्वहन करें। उन्होंने कहा कि जिले के पहुंचविहीन सुदूर क्षेत्रों में लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करना हमारी प्राथमिकता है। पीवीटीजी बसाहटों में विशेष मॉनिटरिंग की आवश्यकता है। बैठक में कलेक्टर वसंत ने कहा कि चिरायु की टीम नियमित रूप से स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्रों में जाकर बच्चों का स्वास्थ्य जांच करें। उन्होंने आयुष्मान भारत कार्ड में पंजीयन की जानकारी ली तथा सीएमएचओ को पंजीयन संख्या बढ़ाने निर्देशित किया। उन्होंने शेष आयुष्मान कार्ड को समय पर पूर्ण करने निर्देशित किया।

उन्होंने टी.बी. उन्मूलन के तहत किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली तथा जांच, पॉजिटिव मरीजों की संख्या, निक्षय निरामय जांच एवं उपचार अभियान के बारे में जानकारी ली तथा कहा कि उपचार में किसी भी तरह की लापरवाही न हो। उन्होंने सभी बीएमओ को अपने-अपने क्षेत्र के टीबी मरीजों की जानकारी सम्बंधित जनपद पंचायत सीईओ को उपलब्ध कराने कहा ताकि ग्राम पंचायत के माध्यम से मरीजों को पोषण आहार सहायता मिल सके।कलेक्टर वसंत ने जिले में वेक्टर जनित रोगों के प्रभाव की जानकारी ली तथा नियमित जांच, पॉजिटिव मरीजों का पूर्ण रूप से इलाज सुनिश्चित करने कहा। उन्होंने चिकित्सकों द्वारा प्राइवेट चिकित्सालयों में मरीजों के अनावश्यक रेफरल की जानकारी ली तथा कहा कि इस प्रकार की स्थिति ना बने अन्यथा सम्बन्धित पर आवश्यक कार्रवाई होगी। बैठक में आयुष विभाग द्वारा जारी कार्यक्रमों पर भी विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।

स्वास्थ्य केंद्रों, चिकित्सकों, चिकित्सकीय उपकरणों की उपलब्धता, स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति पर हुई चर्चा-

बैठक में कलेक्टर श्री वसंत ने जिले में स्वास्थ्य विभाग में चिकित्सकों एवं स्टाफ की उपलब्धता की जानकारी ली। उन्होंने एनएचएम अंतर्गत रिक्त पदों पर जारी भर्ती प्रक्रिया में प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि जिन संस्थानों के नवीन भवन बनकर तैयार हैं, वहां पदों की जानकारी उपलब्ध कराएं। इस दौरान उन्होंने स्वास्थ्य केंद्र भवनों की उपलब्धता की जानकारी ली। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में लैब टेस्ट की जानकारी ली तथा कहा कि मरीजों को असुविधा ना हो इसलिए सभी स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यकतानुसार चिकित्सकीय उपकरणों की उपलब्धता रहे और सभी चालू रहें। उन्होंने दवाईयों की उपलब्धता की भी जानकारी ली गई।। इसके साथ ही जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति, आमजनों तक सेवाओं की पहुंच सहित अन्य महत्वपूर्ण मानकों के सम्बंध में विस्तृत जानकारी ली गई।

एचआरपी मरीजों की लगातार मॉनिटरिंग, संस्थागत प्रसव को बढ़ावा देने दिए निर्देश-

बैठक में कलेक्टर वसंत ने कहा कि गर्भवती महिलाओं के एचआरपी चिन्हांकन होने के बाद उनकी लगातार मॉनिटरिंग की जाए, इस हेतु मितानिनों की मदद लें। उन्होंने शत-प्रतिशत संस्थागत प्रसव के लिए लोगों को प्रेरित करने कहा। उन्होंने कहा कि पीएचसी एवं उप स्वास्थ्य केंद्रों में प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं के आवश्यक जांच पश्चात विशेष परिस्थिति में ही जिला अस्पताल रेफर किया जाए। इसी प्रकार उन्होंने अन्य मरीजों को भी अनावश्यक जिला अस्पताल रेफर  नहीं करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि सुदूर क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखें, पहुंचविहीन क्षेत्रों में गृह प्रसव को कम करना होगा। उन्होंने कहा कि गर्भवती महिलाओं को पर्याप्त पोषण आहार उपलब्ध कराना, गर्भावस्था के दौरान नियमित जांच, आवश्यक दवाइयों, टीकाकरण आदि सुनिश्चित करें। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में फरवरी माह में शाम 6 बजे से सुबह 6  बजे के बीच हुए प्रसव की जानकारी उपलब्ध कराने निर्देशित किया।

विभाग अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की हुई विस्तृत समीक्षा-

बैठक में विभाग अंतर्गत संचालित विभिन्न योजनाओं एवं कार्यक्रमों की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई।आयुष्मान कार्ड, आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना, मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना, सिकल सेल अभियान, चिरायु कार्यक्रम, एनआरसी, एन.क्यु.ए.एस सर्टिफिकेशन सहित विभिन्न योजनाओं के संबंध में जानकारी ली एवं आवश्यक निर्देश दिए।  इस दौरान कुष्ठ उन्मूलन, मलेरिया नियंत्रण, अंधत्व निवारण, तम्बाकू नियंत्रण, एनीमिया मुक्त भारत, बाल स्वास्थ्य कार्यक्रमों सहित अन्य कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए संबंधित विकासखंडों को शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्ति के निर्देश दिए गए।उन्होंने स्वास्थ्य सेवाओं को आमजन तक सुलभ बनाने निर्देशित करते हुए विभाग को अपने दायित्वों का ईमानदारी के साथ निर्वहन करने कहा।

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