कोरबा (ट्रैक सिटी)। जिले में आवारा पशुओं के कारण बढ़ते सड़क हादसों, जर्जर सड़कों और किसानों की फसलों की सुरक्षा को लेकर आम आदमी पार्टी (यूथ विंग) ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। यूथ विंग जिलाध्यक्ष आजाद बख्श के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्ताओं ने सोमवार को कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर समस्याओं के तत्काल निराकरण की मांग की। साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो कलेक्ट्रेट का घेराव किया जाएगा।
पार्टी ने ज्ञापन में कहा कि नेशनल हाईवे सहित जिले की प्रमुख सड़कों पर आवारा मवेशियों का जमावड़ा लगातार बना हुआ है। सड़क पर बैठे और घूमते मवेशियों के कारण आए दिन दुर्घटनाएं हो रही हैं, जिससे वाहन चालकों और राहगीरों की जान खतरे में पड़ रही है। पार्टी का आरोप है कि कई लोग इन हादसों में अपनी जान गंवा चुके हैं, जबकि अनेक लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
इसके अलावा सड़कों के किनारे घटिया मुरुम, जगह-जगह बने गड्ढों और उनमें भरे पानी के कारण भी आवागमन मुश्किल हो गया है। आम आदमी पार्टी ने इन समस्याओं को आम नागरिकों के साथ-साथ किसानों के लिए भी गंभीर बताया है। पार्टी का कहना है कि आवारा पशु किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं और सड़क दुर्घटनाओं का भी बड़ा कारण बन रहे हैं।
30 जुलाई के ज्ञापन के बाद भी कार्रवाई नहीं होने का आरोप
आप नेताओं के मुताबिक इन समस्याओं को लेकर 30 जुलाई 2026 को भी प्रशासन को पत्र सौंपकर कार्रवाई की मांग की गई थी, लेकिन अब तक स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है। पार्टी ने प्रशासन से आवारा पशुओं को सड़कों से हटाने, सड़कों की मरम्मत कराने और किसानों की फसलों को मवेशियों से बचाने के लिए प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है।
‘मवेशी मुक्त क्षेत्र’ के बोर्ड के नीचे ही बैठे मिले मवेशी
ज्ञापन सौंपने पहुंचे आप कार्यकर्ताओं को कलेक्ट्रेट परिसर के बाहर ही प्रशासन के दावों पर सवाल खड़े करने वाला नजारा देखने को मिला। कलेक्ट्रेट गेट के ठीक सामने ‘मवेशी मुक्त क्षेत्र’ का बोर्ड लगा हुआ है, लेकिन उसी बोर्ड के नीचे मवेशी बैठे नजर आए। कार्यकर्ताओं ने इस पूरे दृश्य का वीडियो बनाकर इसे प्रशासनिक दावों और जमीनी हकीकत के बीच अंतर का उदाहरण बताया।
आप नेता आनंद सिंह ठाकुर ने कहा कि कलेक्ट्रेट कार्यालय के सामने ही ‘मवेशी मुक्त’ बोर्ड के नीचे मवेशियों का बैठे मिलना व्यवस्था की वास्तविक स्थिति को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि यदि प्रशासनिक कार्यालय के सामने ही यह स्थिति है तो जिले की अन्य सड़कों और नेशनल हाईवे पर आवारा मवेशियों की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।
आम आदमी पार्टी ने प्रशासन से मांग की है कि आवारा पशुओं के लिए स्थायी व्यवस्था, सड़कों की मरम्मत और किसानों की फसल सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। पार्टी ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो कार्यकर्ता कलेक्ट्रेट का घेराव कर आंदोलन करेंगे।

